नई दिल्ली। कार्मिक, लोक शिकायत और पेंशन राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने नई दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम में 15 कर्मियों को राष्ट्रीय अनुभव पुरस्कार से सम्मानित किया। पुरस्कार पाने वाले कर्मियों ने राष्ट्र निर्माण और सरकारी सेवाओं को बेहतर बनाने के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान दिया है।
समारोह के दौरान डॉ. जितेंद्र सिंह ने पुरस्कार विजेताओं के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि लंबे समय तक सरकारी सेवा में रहते हुए कर्मचारियों का अनुभव प्रशासन को अधिक प्रभावी और नागरिक-केंद्रित बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
पासपोर्ट सेवा और प्रशासन में तकनीक का योगदान
पुरस्कार प्राप्त कर्मियों ने पासपोर्ट सेवा केंद्रों के संचालन, पुराने कानूनों को निरस्त करने और नए कानूनों के निर्माण सहित प्रशासनिक एवं लेखांकन व्यवस्था में प्रौद्योगिकी को अपनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उनके कार्यों से सरकारी प्रक्रियाओं को अधिक सरल, पारदर्शी और प्रभावी बनाने में मदद मिली।
पेंशन मित्र पुस्तिका भी जारी
कार्यक्रम के दौरान 'पेंशन मित्र' पुस्तिका का भी विमोचन किया गया। इसके साथ ही राष्ट्रव्यापी डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र अभियान के लिए दिशा-निर्देश जारी किए गए। डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र की सुविधा से पेंशनभोगियों को अपनी पेंशन संबंधी प्रक्रियाओं को आसान बनाने में मदद मिलेगी।
कार्यक्रम में सरकारी सेवाओं में अनुभव, नवाचार और तकनीक के प्रभावी उपयोग को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया। पुरस्कार समारोह का उद्देश्य ऐसे कर्मियों के योगदान को पहचान देना है, जिन्होंने अपने सेवाकाल में प्रशासन और नागरिक सेवाओं को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है

