जालंधर में राष्ट्रीय महिला आयोग की ‘यशोदा एआई’ पहल शुरू, महिलाओं को मिलेगी AI की ट्रेनिंग

जालंधर। राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) ने पंजाब के जालंधर में महिलाओं को डिजिटल रूप से सशक्त बनाने के उद्देश्य से यशोदा एआई’ पहल शुरू की है। इस कार्यक्रम का उद्देश्य महिलाओं को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की जानकारी देने के साथ नई तकनीकों में उनकी भागीदारी बढ़ाना है।

राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष विजया राहटकर ने जालंधर दौरे के दौरान इस पहल का शुभारंभ किया। आयोग की ओर से यह AI साक्षरता कार्यक्रम पिछले वर्ष से संचालित किया जा रहा है।

AI के साथ साइबर सुरक्षा की ट्रेनिंग

‘यशोदा एआई’ कार्यक्रम के तहत महिलाओं को AI के उपयोग और संभावनाओं के साथ-साथ साइबर सुरक्षा, डिजिटल गोपनीयता और सुरक्षित ऑनलाइन गतिविधियों के बारे में भी जानकारी दी जाएगी। इसका उद्देश्य महिलाओं को तकनीकी रूप से सक्षम बनाने के साथ उन्हें डिजिटल दुनिया में सुरक्षित रखने के लिए जागरूक करना है।

राष्ट्रीय महिला आयोग का मानना है कि तकनीकी ज्ञान महिलाओं के लिए शिक्षा, रोजगार और आत्मनिर्भरता के नए अवसर पैदा कर सकता है। इसी दिशा में AI साक्षरता को बढ़ावा देने का प्रयास किया जा रहा है।

महिला सुरक्षा को लेकर समीक्षा बैठक

जालंधर दौरे के दौरान विजया राहटकर ने महिलाओं की सुरक्षा से जुड़े मुद्दों को लेकर वरिष्ठ जिला अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक भी की। उन्होंने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा केवल कल्याण से जुड़ा विषय नहीं है, बल्कि यह सुशासन का महत्वपूर्ण आधार है।

उन्होंने संबंधित अधिकारियों से महिला सुरक्षा से जुड़े मामलों में प्रभावी कार्रवाई और व्यवस्थाओं को मजबूत करने पर चर्चा की।

‘शी सर्व्स’ कार्यक्रम का भी उद्घाटन

इसके बाद विजया राहटकर ने एक महिला महाविद्यालय में ‘शी सर्व्स’ कार्यक्रम का उद्घाटन किया। इस पहल का उद्देश्य युवा महिलाओं को सशस्त्र बलों में करियर बनाने के लिए प्रेरित करना है।

कार्यक्रम के माध्यम से छात्राओं को सशस्त्र बलों में उपलब्ध करियर अवसरों और महिलाओं की बढ़ती भूमिका के बारे में जानकारी देने पर जोर दिया गया।